प्यार की शायरी – Pyar Bhari Shayari

“सोती हुई आँखों को सलाम हमारा
मीठे सुनहरें सपनों को आदाब हमारा,
दिल मे रहे प्यार का एहसास सदा ज़िंदा,
आज की रात का यही है पैग़ाम हमारा।”


“कितनी वाकिफ़ थी वो मेरी मोहब्बत से वो रो देती थी और मैं हार जाता था।”


“अगर मैं जानता हूँ कि प्यार क्या है, तो इसकी वज़ह सिर्फ तुम हो।”


मोहब्बत की गहराइयों में सबसे ख़ूबसूरत क्या है?
हम हैं, तुम हो और किसी चीज़ की जरूरत क्या है।


खुबसूरत इन्सान से मोहब्बत नही होती- बल्कि
जिस इन्सान से मोहब्बत होती है वो खुबसूरत लगने लगता है


आँखों की गहराई को समझ नही सकते,
होंटो से कुछ कह नही सकते,
कैसे बया करे हम आपको यह दिल का हाल की,
तुम्ही हो जिसके बगैर हम रह नही सकते।


अगर सुननी हो मेरी धड़कनों की आवाज,
तो रख लो सीने पर मेरे सिर अपना,
वादा करता हूँ कि तमाम उम्र तुम्हारी रूह में,
गूंजेगा इश्क़ मेरा


“अगर अगले जन्म में भी मोहब्बत हो मुझे तो सिर्फ तुमसे हो।”


“मेरी मोहब्बत है वो कोई मज़बूरी तो नही,
वो मुझे चाहे या मिल जाये, जरूरी तो नही,
ये कुछ कम है कि बसा है मेरी साँसों में वो,
सामने हो मेरी आँखों के जरूरी तो नही!”


किसी ना किसी को किसी एक पर ऐतबार हो जाता है,
एक अनजान चेहरा ही ख़ास हो जाता है,
सिर्फ खूबियों से ही नहीं होता ये इश्क़ दोस्तों,
कभी-कभी किसी की कमियों से भी प्यार हो जाता है


“आ जाओ किसी रोज़ तुम तो तुम्हारी रूह मे उतर जाऊँ
साथ रहूँ मैं तुम्हारे ना किसी और को नज़र आऊँ
चाहकर भी मुझे कोई छू ना सके मुझे कोई इस तरह
तुम कहो तो यूं तुम्हारी बाहों में बिखर जाऊँ”


“आज मुझे ये बताने की इजाज़त दे दो,
आज मुझे ये शाम सजाने की इजाज़त दे दो,
अपने इश्क़ मे मुझे क़ैद कर लो,
आज जान तुम पर लूटाने की इजाज़त दे दो.”


“तेरे बिना टूट कर बिखर जायेंगे,
तुम मिल गए तो गुलशन की तरह खिल जायेंगे,
तुम ना मिले तो जीते जी ही मर जायेंगे,
तुम्हें जो पा लिया तो मर कर भी जी जायेंगे।”